ट्रेजेडी क्वीन के घर में कमरे के लिए मचा घमासान

ट्रेजेडी क्वीन निरूपा रॉय तो याद होंगी आपको, जिनके शानदार अदाकारी को देख कर उन्हें बॉलीवुड की माँ कहा जाने लगा था। और फिल्म ‘दीवार’ का वो सीन भला कौन भूल सकता है ! जब अमिताभ बच्चन और शशि कपूर के बीच माँ को लेकर जब झगड़ा हुआ तो शशि कपूर ने ‘मेरे पास मां’ है कहते हुए पूरी दौलत को ठुकरा दी थी । लेकिन आज रील लाइफ और रियल लाइफ के बीच सब कुछ बदल गया है। जिस फ़िल्मी मां निरूपा रॉय  के लिए शशि कपूर ने पूरी दौलत को ठोकर मार दी आज उसी माँ के असली बेटे उसकी दौलत उसके  कमरे को लेकर आपस में लड़ रहे हैं।

मामला इस क़दर बढ़ चूका है की दोनों बेटे एक दूसरे को देखना तक नहीं चाहते। मामला थाने से लेकर अदालत तक जा पहुंचा है, उनके बेटे योगेश रॉय और किरण रॉय के बीच ये पूरी लड़ाई माँ निरूपा रॉय के नेपियन्सी रोड स्थित 3000 स्कवॉयर फ़ीट बंगले के मालिकाना हक के लिए है। जिसकी शुरआत पिता  के पिछले नवंबर में हुए निधन के बाद शुरू हुई थी। छोटे बेटे किरण ने पुलिस थाने में  बड़े भाई योगेश पर प्रॉपर्टी हतियाने के मक़सद से उन्हें धमाके तक की शिकायत दर्ज कराई है।

आखिर क्यों शुरू हुई लड़ाई ? 

दरअसल माँ ने अपनी ज़िन्दगी में ही अपने बच्चों को अपनी संपत्ति से उनकी हिस्सेदारी दे दी थी। लेकिन झगड़ा उस कमरे को लेकर शुरू हुआ जो निरूपा रॉय निजी बेड रूम था। उनके निधन के बाद उस कमरे का इस्तेमाल उनके पति कमल रॉय करते थे लेकिन पिछले नवंबर में उनका भी निधन हो गया। 

दोनों भाई किरन की फैमिली और योगश एंबेसी अपार्टमेंट में मौजूद चार बेडरूम वाले ग्राउंड फ्लोर फ्लैट में साथ रहते हैं, जिसे निरूपा रॉय ने 1963 में 10 लाख से भी कम कीमत में खरीदा था। माँ की ज़िन्दगी में हुए बटवारे में दोनों भाइयों के हिस्से में दो-दो बेडरूम हैं, जो कि 3000 स्क्वायर फीट में फैला हुआ है। इसके अलावा इस फ्लैट के साथ 8,000 स्क्वायर फीट का गार्डन एरिया भी है।

निरूपा रॉय ने अपनी वसीयत में अपने निजी बेडरूम का मालिकाना हक़ पति कमल रॉय को और छोटे बेटे किरण को संयुक्त रूप से दिया सौंपा था। अपने  निधन से पहले पिता कमल रॉय इसका मालिकाना हक़ किरण को सौंप दिया। वो भी बड़े भाई और परिवार के दूसरे कई लोगों के सामने। 

किरण के मुताबिक़ बड़े भाई योगेश दिल में खोट आ गया है, वो ज़बरदस्ती अब पूरी प्रॉपर्टी में हिस्सा चाहते हैं। जब तक माता पिता जीवित थे कभी भी योगेश या उसके परिवार ने  माता-पिता के साथ अच्छा बर्ताव नहीं किया। माँ उनसे परेशान थीं यही वजह रही की उन्हें प्रॉपर्टी में बराबर का हिस्सेदार नहीं बनाया गया। उनके मुताबिक़-मां की मौत के बाद मैंने ही पिता की देखभाल की और उनकी यह इच्छा थी कि मैं ही उनके बेडरूम में रहूं और उन्होंने इस बारे में मेरे भाई और उनकी फैमिली को साफ-साफ निर्देश भी दे दिया था,’लेकिन अब योगेश जबरन इस प्रॉपर्टी में बराबर की हिस्सेदारी चाहते हैं।


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